वाराणसी: दीपावली और छठ पर्व से पहले वाराणसी और नई दिल्ली के बीच यात्रियों को दूसरी स्लीपर वंदे भारत ट्रेन की सौगात मिलने जा रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव शनिवार को बनारस रेलवे स्टेशन से इस ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे। इसके लिए स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर-8 पर विशेष कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। नई ट्रेन से वाराणसी और दिल्ली के बीच रात में सफर करने वाले यात्रियों को बेहतर रेल सुविधा मिलेगी।
रात में वाराणसी से चलेगी, सुबह दिल्ली पहुंचेगी ट्रेन
वाराणसी से नई दिल्ली जाने वाली स्लीपर वंदे भारत ट्रेन का नंबर 27421 और नई दिल्ली से वाराणसी आने वाली ट्रेन का नंबर 27422 निर्धारित किया गया है। तय समय सारिणी के अनुसार, ट्रेन वाराणसी से रात 8:50 बजे रवाना होकर अगले दिन सुबह 6:10 बजे नई दिल्ली पहुंचेगी।
वापसी में यह ट्रेन नई दिल्ली से रात 9:40 बजे प्रस्थान करेगी और अगले दिन सुबह 7:10 बजे वाराणसी पहुंचेगी। इस तरह दोनों शहरों के बीच रातभर का सफर कर यात्री सुबह अपने गंतव्य तक पहुंच सकेंगे।
उद्घाटन यात्रा में शामिल होंगे 60 स्कूली बच्चे
सेमी हाईस्पीड वंदे भारत ट्रेनों की श्रृंखला में अब वाराणसी से स्लीपर श्रेणी की ट्रेन भी जुड़ जाएगी। कैंट और बनारस स्टेशन से चलने या गुजरने वाली वंदे भारत ट्रेनों में यह नौवीं ट्रेन होगी।
शनिवार को उद्घाटन विशेष ट्रेन के रूप में इसे बनारस स्टेशन से रवाना किया जाएगा। इस यात्रा में अन्य यात्रियों के साथ विभिन्न स्कूलों के 60 बच्चे भी शामिल होंगे। कार्यक्रम में स्थानीय जनप्रतिनिधियों के अलावा रेलवे बोर्ड के चेयरमैन सतीश कुमार, पूर्वोत्तर रेलवे के महाप्रबंधक उदय बोरवणकर, उत्तर रेलवे के महाप्रबंधक राजेश कुमार पांडेय, डीआरएम आशीष जैन और सुनील कुमार वर्मा सहित रेलवे के कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहेंगे।
प्लेटफॉर्म नंबर-8 पर तैयारियां पूरी
उद्घाटन कार्यक्रम को लेकर बनारस रेलवे स्टेशन पर तैयारियों को अंतिम रूप दे दिया गया है। प्लेटफॉर्म नंबर-8 के हरदत्तपुर की ओर वाले हिस्से में पंडाल तैयार किया गया है। कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा के विशेष इंतजाम भी किए जाएंगे।
दो मेमू ट्रेनों को भी दिखाई जाएगी हरी झंडी
स्लीपर वंदे भारत के साथ ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव दो मेमू ट्रेनों का भी वर्चुअल उद्घाटन करेंगे। इनमें वाराणसी सिटी-राजा तालाब मेमू और प्रयागराज रामबाग-बनारस मेमू ट्रेन शामिल हैं।
पहले दिन वाराणसी सिटी-राजा तालाब मेमू कैंट स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर-4/5 से रवाना होगी। वहीं, दूसरी मेमू ट्रेन प्रयागराज रामबाग से उसी समय प्रस्थान करेगी। दोनों स्टेशनों पर उद्घाटन कार्यक्रम के प्रसारण के लिए बड़ी एलईडी स्क्रीन लगाई जा रही हैं।
खजुराहो और आगरा वंदे भारत के प्लेटफॉर्म में बदलाव
कार्यक्रम के दौरान स्टेशन पर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी रखी जाएगी। दोपहर दो बजे के बाद द्वितीय प्रवेश द्वार से यात्रियों का आवागमन बंद कर दिया जाएगा। इसके साथ ही ट्रेनों के प्लेटफॉर्म में भी अस्थायी बदलाव किया गया है।
प्लेटफॉर्म नंबर-8 से स्लीपर वंदे भारत के उद्घाटन के कारण बनारस-खजुराहो वंदे भारत प्लेटफॉर्म नंबर-3 से और बनारस-आगरा वंदे भारत प्लेटफॉर्म नंबर-1 से रवाना होगी।
कैंट और बनारस से पहले से चल रही हैं आठ वंदे भारत
फिलहाल वाराणसी कैंट स्टेशन से नई दिल्ली के लिए दो वंदे भारत ट्रेनें चलती हैं। इसके अलावा देवघर, रांची और मेरठ के लिए एक-एक वंदे भारत का संचालन होता है। पटना-गोमतीनगर वंदे भारत भी कैंट स्टेशन से होकर गुजरती है।
वहीं, बनारस स्टेशन से खजुराहो और आगरा के लिए भी वंदे भारत ट्रेनें संचालित की जा रही हैं। अब वाराणसी-नई दिल्ली स्लीपर वंदे भारत के जुड़ने से इस क्षेत्र में वंदे भारत ट्रेनों की संख्या बढ़ जाएगी।
